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बच्चा गिराने के बाद कितने दिन तक ब्लड आता है?

बच्चा गिराने के बाद कितने दिन तक ब्लड आता है?

Medically reviewed by
Gynecologist & IVF Specialist
Vinsfertility Hospital 18+ years of experience in reproductive medicine • 1,000+ successful live births
MBBS DGO DNB (Obstetrics & Gynaecology) Fertility Specialist
This content is reviewed for medical accuracy and patient-awareness purposes. It does not replace a personal consultation with a fertility specialist.

 

गर्भपात (अबॉर्शन) के बाद महिलाओं के शरीर में कई तरह के शारीरिक बदलाव होते हैं, जिनमें सबसे आम लक्षण है रक्तस्राव (ब्लीडिंग)। यह जानना महत्वपूर्ण है कि गर्भपात के बाद कितना समय तक ब्लीडिंग होना सामान्य है और किस स्थिति में डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

गर्भपात के बाद ब्लीडिंग का समय

गर्भपात के बाद ब्लीडिंग की अवधि कई कारकों पर निर्भर करती है, जैसे:

  • गर्भावस्था का समय (कितने सप्ताह का गर्भ था)
  • किस प्रकार का गर्भपात हुआ (दवाई से या सर्जिकल गर्भपात)
  • महिला का स्वास्थ्य और शरीर की प्रतिक्रिया

आमतौर पर:

  • दवाई से गर्भपात (Medical Abortion) के बाद 1 से 2 सप्ताह तक ब्लीडिंग हो सकती है।
  • सर्जिकल गर्भपात (Surgical Abortion) के बाद ब्लीडिंग अपेक्षाकृत कम समय तक होती है, लगभग 3 से 7 दिन।

ब्लीडिंग के चरण

  1. पहले कुछ दिन: पहले 2-3 दिनों में ब्लीडिंग काफी भारी हो सकती है, इसमें खून के थक्के (clots) भी आ सकते हैं। यह आमतौर पर तब होता है जब शरीर गर्भावस्था के अवशेषों को बाहर निकाल रहा होता है।
  2. मध्यम रक्तस्राव: इसके बाद ब्लीडिंग हल्की हो जाती है और कुछ दिनों में रुक जाती है।
  3. धब्बे (Spotting): गर्भपात के 1-2 सप्ताह बाद हल्के धब्बे दिखाई दे सकते हैं, जो सामान्य है।

पीरियड व अबॉर्शन की ब्लीडिंग में अंतर

गर्भपात के बाद की ब्लीडिंग और सामान्य पीरियड के बीच कुछ महत्वपूर्ण अंतर होते हैं:

  • रक्तस्राव की मात्रा: अबॉर्शन के बाद का रक्तस्राव अक्सर अधिक भारी और लंबे समय तक चल सकता है।
  • रक्त के थक्के: अबॉर्शन के दौरान रक्त के बड़े थक्के (Clots) अधिक सामान्य होते हैं।
  • रक्त का रंग: गर्भपात के बाद का रक्त आमतौर पर गहरा लाल या भूरा हो सकता है, जबकि सामान्य पीरियड में यह हल्का लाल होता है।
  • शारीरिक लक्षण: अबॉर्शन के बाद ब्लीडिंग के साथ हल्का बुखार, कमजोरी या थकान महसूस हो सकती है।
  • ऐंठन (Cramps): अबॉर्शन के बाद ऐंठन अक्सर अधिक तीव्र हो सकती है, विशेष रूप से पहले कुछ दिनों में।

किस स्थिति में डॉक्टर से संपर्क करें?

यदि आपको निम्नलिखित लक्षण दिखाई दें तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए:

  • अत्यधिक भारी रक्तस्राव (हर घंटे पैड बदलने की आवश्यकता)
  • तेज पेट दर्द या ऐंठन
  • बुखार या ठंड लगना
  • बदबूदार डिस्चार्ज
  • अत्यधिक कमजोरी या चक्कर आना

उचित देखभाल के टिप्स

गर्भपात के बाद शरीर को पूरी तरह ठीक होने के लिए विशेष देखभाल की आवश्यकता होती है। कुछ महत्वपूर्ण सुझाव निम्नलिखित हैं:

  • आराम करें: पर्याप्त आराम करना आवश्यक है ताकि शरीर ठीक से ठीक हो सके।
  • स्वच्छता का ध्यान रखें: इन्फेक्शन से बचने के लिए उचित स्वच्छता का ध्यान रखें।
  • संतुलित आहार लें: शरीर में रक्त की कमी को पूरा करने के लिए आयरन युक्त आहार जैसे पालक, चुकंदर, अनार आदि का सेवन करें।
  • पानी अधिक पिएं: शरीर में हाइड्रेशन बनाए रखना महत्वपूर्ण है।
  • भावनात्मक देखभाल: गर्भपात के बाद मानसिक और भावनात्मक स्थिति प्रभावित हो सकती है, इसलिए परिवार और दोस्तों से समर्थन लेना फायदेमंद होता है।
  • डॉक्टर के निर्देशों का पालन करें: डॉक्टर द्वारा दी गई दवाओं और सलाह का पालन करना सुनिश्चित करें।

गर्भपात के बाद सामान्य जीवन में वापसी

गर्भपात के बाद, यह जानना महत्वपूर्ण है कि शरीर को पूरी तरह से स्वस्थ होने में थोड़ा समय लग सकता है। आमतौर पर, अधिकांश महिलाओं का अगला पीरियड गर्भपात के 4-6 सप्ताह के भीतर आ जाता है।

यदि आप दोबारा गर्भधारण की योजना बना रही हैं, तो डॉक्टर से उचित परामर्श लें ताकि आपके शरीर को पूरी तरह से तैयार होने का समय मिल सके।

FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न)

1. मुझे कैसे पता चलेगा कि बच्चा गिरा है?

गर्भपात के बाद ब्लीडिंग के साथ गर्भावस्था के लक्षणों (जैसे मतली, उल्टी, स्तन में दर्द) का धीरे-धीरे समाप्त होना संकेत दे सकता है कि गर्भपात पूरा हो गया है।

2. बच्चा गिराने की दवा खाने के कितने दिन बाद पीरियड आता है?

गर्भपात के बाद आमतौर पर 4 से 6 सप्ताह के भीतर पीरियड आ जाता है।

3. अधूरे गर्भपात के लक्षण क्या हैं?

अधूरे गर्भपात के लक्षणों में भारी रक्तस्राव, पेट में लगातार दर्द, बदबूदार डिस्चार्ज और बुखार शामिल हो सकते हैं।

4. 1 महीने का बच्चा पेट में कितना बड़ा होता है?

गर्भावस्था के 1 महीने में भ्रूण लगभग 0.25 इंच (6 मिमी) का होता है, जो एक चावल के दाने जितना छोटा होता है।

5. गलती से प्रेग्नेंट हो जाए तो कौन सी दवा लेनी चाहिए?

यदि गर्भावस्था अवांछनीय है, तो डॉक्टर से परामर्श लेकर उचित दवा (जैसे MTP किट) का उपयोग किया जा सकता है।

6. कैसे पता चलेगा कि गर्भपात पूरा हो गया है?

गर्भपात के पूरा होने का संकेत ब्लीडिंग का रुकना, गर्भावस्था के लक्षणों का समाप्त होना और सामान्य स्वास्थ्य में सुधार होना हो सकता है। डॉक्टर के पास जाकर अल्ट्रासाउंड करवाना सबसे विश्वसनीय तरीका है।

7. बच्चा गिराने के बाद पेट में दर्द क्यों होता है?

गर्भपात के बाद गर्भाशय के संकुचन के कारण पेट में ऐंठन या दर्द महसूस हो सकता है, जो सामान्य है और कुछ दिनों में ठीक हो जाता है।

8. मुझे कैसे पता चलेगा कि मेरा गर्भपात पूरा हो गया है?

गर्भपात के पूरा होने का सबसे सही तरीका डॉक्टर से परामर्श लेकर आवश्यक परीक्षण करवाना है, जैसे कि अल्ट्रासाउंड।

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निष्कर्ष

गर्भपात के बाद ब्लीडिंग सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा है, लेकिन यदि यह असामान्य रूप से लंबे समय तक चले या अन्य लक्षण उत्पन्न हों, तो डॉक्टर से परामर्श लेना आवश्यक है। सही देखभाल और सतर्कता से आप अपनी सेहत को जल्दी सुधार सकते हैं। हर महिला का शरीर अलग होता है, इसलिए अपने शरीर के संकेतों को समझना और उन पर ध्यान देना सबसे महत्वपूर्ण है।

Portrait of Dr. Sunita Singh Rathore, Gynecologist and IVF Specialist
Medical reviewer

Gynecologist & IVF Specialist | 18+ Years Experience | 1,000+ Successful Live Births

Dr. Sunita Singh Rathore is an experienced women’s health and fertility specialist associated with Vinsfertility. She reviews reproductive health content for medical accuracy, patient clarity, and alignment with current fertility care practices.

Her areas of focus include IVF, infertility assessment, ovulation disorders, reproductive counselling, and treatment planning for couples exploring assisted reproductive options.

MBBS DGO DNB (Obstetrics & Gynaecology) Fertility Specialist
This article has been medically reviewed for educational and awareness purposes. It should not be considered a substitute for an in-person consultation, diagnosis, or treatment plan from a qualified fertility specialist.
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